श्रेणी-विश्लेषण (Cluster Analysis) से स्टॉक्स ग्रुप करना

श्रेणी-विश्लेषण (Cluster Analysis) से स्टॉक्स ग्रुप करना

आज हम सीख रहें हैं श्रेणी-विश्लेषण (Cluster Analysis) से स्टॉक्स ग्रुप करना | शेयर बाजार में निवेश करते समय ज़्यादातर निवेशक सेक्टर के आधार पर सोचते हैं जैसे बैंकिंग शेयर, आईटी शेयर या फार्मा शेयर। यह तरीका उपयोगी ज़रूर है लेकिन आज के समय में यह काफी नहीं रह गया है। कई बार एक ही…

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मुद्रास्फीति, ब्याज दरें और शेयर मार्केट कैसे कनेक्ट होते हैं

मुद्रास्फीति, ब्याज दरें और शेयर मार्केट: कैसे कनेक्ट होते हैं?

आज हम सीख रहें हैं मुद्रास्फीति, ब्याज दरें और शेयर मार्केट: कैसे कनेक्ट होते हैं? जब भी महँगाई बढ़ती है तो आम आदमी सबसे पहले रोज़मर्रा की चीज़ों के दाम बढ़ते हुए देखता है। लेकिन निवेशकों के लिए महँगाई यानी मुद्रास्फीति सिर्फ रसोई तक सीमित नहीं रहती बल्कि इसका सीधा असर शेयर बाजार तक पहुँचता…

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मेटा-ट्रेंड्स वैश्विक अर्थव्यवस्था और भारत के शेयर बाजार पर प्रभाव

मेटा-ट्रेंड्स: वैश्विक अर्थव्यवस्था और भारत के शेयर बाजार पर प्रभाव

आज हम सीख रहें हैं मेटा-ट्रेंड्स: वैश्विक अर्थव्यवस्था और भारत के शेयर बाजार पर प्रभाव | शेयर बाजार को अक्सर लोग रोज़ के उतार चढ़ाव, खबरों या नतीजों से जोड़कर देखते हैं। लेकिन हकीकत यह है कि बाजार की दिशा तय करने वाली ताकतें इससे कहीं ज़्यादा गहरी और लंबी होती हैं। इन्हीं लंबी और…

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स्पेशल सिचुएशन इन्वेस्टिंग डेमर्जर्स, रिबाइंडर्स और रिकंस्ट्रक्शन्स

स्पेशल सिचुएशन इन्वेस्टिंग: डेमर्जर्स, रिबाइंडर्स और रिकंस्ट्रक्शन्स

 आज हम सीख रहें हैं स्पेशल सिचुएशन इन्वेस्टिंग: डेमर्जर्स, रिबाइंडर्स और रिकंस्ट्रक्शन्स | शेयर बाजार में ज़्यादातर निवेशक दो ही तरीकों से निवेश को देखते हैं। पहला- अच्छी कंपनी खरीदकर लंबे समय तक होल्ड करना। दूसरा- रोज़ के उतार चढ़ाव में ट्रेडिंग करना। लेकिन इनके बीच एक ऐसा तरीका भी है, जो आम निवेशकों को…

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क्वांटिटेटिव अनुसंधान (Quantitative Research) का परिचय हिन्दी में

क्वांटिटेटिव अनुसंधान (Quantitative Research) का परिचय हिन्दी में

आज हम सीख रहें हैं क्वांटिटेटिव अनुसंधान (Quantitative Research) का परिचय हिन्दी में | वित्तीय बाजार और निवेश की दुनिया में डेटा और गणित का महत्व लगातार बढ़ता जा रहा है। कंपनियों, स्टॉक्स और सेक्टर्स के प्रदर्शन को समझने के लिए सिर्फ़ अनुभव और खबरें ही पर्याप्त नहीं हैं। इसीलिए आधुनिक निवेशक क्वांटिटेटिव अनुसंधान (Quantitative…

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घरेलू बनाम विदेशी निवेशक सेक्टर-वार और एल्गोरिदमिक दृष्टिकोण

घरेलू बनाम विदेशी निवेशक: सेक्टर-वार और एल्गोरिदमिक दृष्टिकोण

आज हम सीख रहें हैं घरेलू बनाम विदेशी निवेशक: सेक्टर-वार और एल्गोरिदमिक दृष्टिकोण | भारत का शेयर बाजार लगातार विकसित हो रहा है। सिर्फ कुल निवेश ही महत्वपूर्ण नहीं है बल्कि कौन निवेश कर रहा है, किस सेक्टर में पैसा लग रहा है और कैसे एल्गोरिदमिक ट्रेडिंग इस प्रवाह को प्रभावित करती है ये सभी…

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घरेलू निवेशक बनाम विदेश निवेशक भारतीय पूंजी प्रवाह विश्लेषण

घरेलू निवेशक बनाम विदेश निवेशक: भारतीय पूंजी प्रवाह विश्लेषण

आज हम सीख रहें हैं घरेलू निवेशक बनाम विदेश निवेशक: भारतीय पूंजी प्रवाह विश्लेषण | भारत का शेयर और पूंजी बाजार पिछले कुछ दशकों में तेजी से विकसित हुआ है। निवेशक अब सिर्फ घरेलू नहीं बल्कि वैश्विक स्तर पर सक्रिय हैं। पूंजी प्रवाह Capital Flow किसी देश की अर्थव्यवस्था और शेयर बाजार की स्थिरता का…

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मल्टी-टाइमफ्रेम एनालिसिस डे-चार्ट से वीकली तक

मल्टी-टाइमफ्रेम एनालिसिस: डे-चार्ट से वीकली तक

आज हम सीख रहें हैं मल्टी-टाइमफ्रेम एनालिसिस: डे-चार्ट से वीकली तक | शेयर बाजार में निवेश या ट्रेडिंग करते समय कई बार हमें सिंगल टाइमफ्रेम (जैसे डेली चार्ट) देखने से सही दिशा का पता नहीं चलता। मल्टी-टाइमफ्रेम एनालिसिस (Multi-Timeframe Analysis) एक ऐसी तकनीक है जिसमें हम एक स्टॉक या सेक्टर के विभिन्न समय अंतराल के…

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विकल्प (Options) स्ट्रैटेजीज़ कवर कॉल्स, स्ट्रैडल्स, स्ट्रैप्स हिन्दी में

विकल्प (Options) स्ट्रैटेजीज़: कवर कॉल्स, स्ट्रैडल्स, स्ट्रैप्स हिन्दी में

आज हम सीख रहें हैं विकल्प (Options) स्ट्रैटेजीज़: कवर कॉल्स, स्ट्रैडल्स, स्ट्रैप्स हिन्दी में | विकल्प (Options) ट्रेडिंग शेयर बाजार और डेरिवेटिव मार्केट का एक शक्तिशाली उपकरण है। Options आपको केवल स्टॉक खरीदने या बेचने तक सीमित नहीं रखते बल्कि जोखिम प्रबंधन और लाभ बढ़ाने के लिए कई स्ट्रैटेजीज़ इस्तेमाल कर सकते हैं। इस लेख…

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